तरनतारन.
डी.जी.पी. गौरव यादव के आदेश पर तरनतारन पुलिस ने भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस पॉलिसी के तहत सख्त कार्रवाई करते हुए 2 एस.एच.ओ. और दो बिचौलियों के खिलाफ भ्रष्टाचार का केस दर्ज किया है। यह कार्रवाई एन.डी.पी.एस. एक्ट के तहत दर्ज मामलों में एक आरोपी के परिवार वालों से जांच के दौरान गैर-कानूनी फायदे पहुंचाने के लिए कुल 7 लाख रुपये रिश्वत लेने के मामले में की गई है।
इस बारे में जानकारी देते हुए एस.एस.पी. सुरिंदर लांबा ने बताया कि थाना वल्टोहा के एस.एच.ओ. एस.आई. बलजिंदर सिंह द्वारा गुरमीत सिंह उर्फ गीतू को मामले की जांच के दौरान गैर-कानूनी फायदे पहुंचाने के बदले उसके परिवार वालों से रॉबिन सिंह के जरिए 3 लाख रुपये की रिश्वत ली। इसी तरह, थाना कच्चा-पक्का के एस.एच.ओ. एस.आई. किरपाल सिंह, जिन्होंने कुछ दिन पहले चार्ज संभाला था, पर पूरन सिंह के जरिए उक्त आरोपी के परिवार वालों से 4 लाख रुपये की रिश्वत लेने का आरोप है। रॉबिन सिंह और पूरन सिंह पर इन कथित लेन-देन में बिचौलिए की भूमिका निभाने का आरोप है।
एस.एस.पी. ने बताया कि मामले में कार्रवाई करते हुए एस.आई. कृपाल सिंह, एस.एच.ओ. पुलिस स्टेशन कच्चा-पक्का को गिरफ्तार कर लिया गया है और बाकी तीन आरोपी एस.आई. बलजिंदर सिंह, रॉबिन सिंह और पूरन सिंह फरार हैं।
एस.एस.पी. ने बताया कि गुरमीत सिंह उर्फ गीतू के खिलाफ एन.डी.पी.एस. एक्ट के तहत 2 मामले दर्ज किए गए हैं। इनमें से तारीख 01.09.2026 का मामला पुलिस स्टेशन वल्टोहा से जुड़ा है, जिसमें 14 किलो 110 ग्राम अफीम बरामद की गई थी। इसी तरह 02.09.2026 को पुलिस स्टेशन कच्चा पक्का में एक मामला दर्ज किया गया है, जिसमें 2 किलो अफीम बरामद की गई थी। मामले की आगे की जांच डी.एस.पी. भिखीविंड अतुल सोनी कर रहे हैं। गिरफ्तार आरोपी को माननीय कोर्ट में पेश करके रिमांड पर लिया जा रहा है।








